
PARDARSHI VIKASH NEWS शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पार्टी छोड़कर एकनाथ शिंदे गुट में शामिल हुए छह सांसदों की सदस्यता रद्द करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अगर देश में कानून का राज है तो इन सांसदों को अयोग्य घोषित किया जाना चाहिए। उद्धव ने आरोप लगाया कि ये सांसद विकास के लिए नहीं बल्कि अपने निजी स्वार्थ के कारण अलग हुए हैं।मराठवाड़ा दौरे के दौरान उद्धव ठाकरे ने परभणी और धाराशिव में जनसभाओं को संबोधित किया। उन्होंने महाराष्ट्र की राजनीति, शिवसेना में टूट और सांसदों के दल-बदल को लेकर सरकार पर निशाना साधा। उद्धव ने कहा कि यह केवल बगावत नहीं बल्कि एक बड़ा राजनीतिक खेल है। उन्होंने आरोप लगाया कि महाराष्ट्र धर्म, शिवसेना और मराठी अस्मिता को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है।राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मुद्दे पर भी उद्धव ठाकरे ने भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने भाजपा को ‘बाबर जनता पार्टी’ बताते हुए कहा कि बाबर ने राम मंदिर तोड़ा था और अब नई बनी पार्टी मंदिर को लूट रही है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है और लंबे संघर्ष के बाद बना है।उद्धव ने छह सांसदों के शिंदे गुट में जाने को ‘ऑपरेशन देवेंद्र’ का हिस्सा बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा अपने ही नेताओं को आगे बढ़ने से रोकती है। उनका कहना था कि शिवसेना को तोड़ने के पीछे भी राजनीतिक रणनीति है।22 जून को उद्धव ठाकरे की शिवसेना के लोकसभा के नौ में से छह सांसद अलग होकर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में शामिल हो गए थे। इसके बाद लोकसभा में शिंदे गुट के सांसदों की संख्या बढ़ गई है। यह शिवसेना में पिछले चार वर्षों में दूसरी बड़ी टूट मानी जा रही है।