
PARDARSHI VIKASH NEWS भीषण गर्मी से हर कोई परेशान है, ऐसे में पंडित दीनदयाल अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके तीमारदारों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। अस्पताल के कई वार्डों में एसी लगी होने के बावजूद वे काम नहीं कर रही हैं, जिससे मरीज गर्मी में बेहाल नजर आ रहे हैं। कुछ चुनिंदा वार्डों को छोड़ दिया जाए तो अधिकांश जगह एसी व्यवस्था सिर्फ दिखावे तक सीमित बताई जा रही है। खास बात यह है कि प्राइवेट वार्ड, जहां मरीजों से प्रतिदिन करीब 400 रुपये शुल्क लिया जाता है, वहां भी एसी का यही हाल है।तीमारदारों का कहना है कि उन्होंने कई बार इसकी शिकायत अस्पताल प्रबंधन से की, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला कि जल्द समस्या ठीक कर दी जाएगी। वहीं सवाल यह भी उठ रहा है कि जब निरीक्षण या जनप्रतिनिधियों के दौरे होते हैं, तब ये एसी अचानक कैसे चालू हो जाती हैं।अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के अनुसार कुछ वार्डों में चूहों के कारण एसी सिस्टम खराब हो गया है, जिसकी वजह से यह समस्या बनी हुई है।प्राइवेट वार्ड में एसी के नीचे यह निर्देश लिखा है कि एसी चालू कराने के लिए नर्सिंग काउंटर से संपर्क करें, लेकिन मरीजों और परिजनों का आरोप है कि संपर्क करने पर भी एसी नहीं चलतीशिवपुर तरना के रहने वाले एक तीमारदार ने बताया कि वह पिछले 15 दिनों से वार्ड नंबर 12 में मरीज के साथ भर्ती हैं, लेकिन एक दिन भी एसी नहीं चली। उनका कहना है कि शिकायत के बावजूद स्टाफ केवल टालमटोल करता है।इसी तरह आजमगढ़ और अन्य जिलों से आए मरीजों के परिजनों ने भी आरोप लगाया कि प्राइवेट वार्ड में एसी के नाम पर अतिरिक्त शुल्क लेने के बावजूद गर्मी में मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। सारनाथ से आए एक तीमारदार ने भी बताया कि लगातार शिकायतों के बाद भी कोई सुधार नहीं हुआ।प्राइवेट वार्ड में एसी का रिमोट भी मरीजों या तीमारदारों के पास नहीं होता, बल्कि नर्सिंग स्टाफ के पास रहता है। शिकायत करने पर अक्सर यही कहा जाता है कि एसी खराब है या जल्द ठीक हो जाएगी। मरीजों का कहना है कि उनका अधिकांश समय शिकायत करते-करते ही बीत जाता है और वे बिना राहत के ही डिस्चार्ज हो जाते हैं।