
PARDARSHI VIKASH NEWS महाराणा प्रताप की जयंती के अवसर पर मथुरा जिले में अलग-अलग स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित किए गए। क्षत्रिय समाज के लोगों ने महाराणा प्रताप की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और पूजा-अर्चना की। वृंदावन में क्षत्रिय समाज की बैठक भी हुई, जिसमें 22 मई को भव्य शोभायात्रा निकालने का निर्णय लिया गया। इस शोभायात्रा में सर्व समाज की झांकियां शामिल होंगी।गोवर्धन विधानसभा क्षेत्र के ऊंचागांव और देवीपुरा में महाराणा प्रताप जयंती बड़े धूमधाम से मनाई गई। यहां महाराणा प्रताप चौक पर स्थापित प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया गया। कार्यक्रम में ब्रजमंडल क्षत्रिय राजपूत सभा के प्रदेश अध्यक्ष मुकेश सिंह सिकरवार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। अतिथियों का पारंपरिक रूप से साफा, माला और पटुका पहनाकर स्वागत किया गया।इस अवसर पर वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के जीवन, शौर्य और संघर्ष पर प्रकाश डाला। मुकेश सिंह सिकरवार ने कहा कि महाराणा प्रताप एक ऐसे महान योद्धा थे जिन्होंने कभी पराजय स्वीकार नहीं की और हमेशा अपने सिद्धांतों के साथ जीवन जिया। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने जय भवानी और महाराणा प्रताप के जयकारों से माहौल को उत्साहपूर्ण बना दिया।देवीपुरा में भी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी गई। बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और पूरे क्षेत्र में देशभक्ति और सांस्कृतिक गौरव का वातावरण देखने को मिला।वृंदावन में आयोजित बैठक में निर्णय लिया गया कि 22 मई को निकलने वाली शोभायात्रा ठाकुर श्री अंतर्यामी मंदिर से प्रारंभ होकर नगर के विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए गोविंद घेरा पर संपन्न होगी। शोभायात्रा में रामायण, परशुराम, महाराज अग्रसेन, महर्षि वाल्मीकि और निषादराज जैसे महान व्यक्तित्वों की झांकियां भी शामिल की जाएंगी।क्षत्रिय महासभा के पदाधिकारियों ने कहा कि यह आयोजन समाज की एकता, समरसता और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक होगा, जिसमें सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।