
PARDARSHI VIKASH NEWS ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता नजर आ रहा है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसकी एयर डिफेंस यूनिट ने ईरानी हवाई सीमा में घुसे अमेरिकी MQ-1 ड्रोन को मार गिराया है। ईरानी अधिकारियों के अनुसार ड्रोन को निगरानी प्रणाली ने तुरंत पहचान लिया था, जिसके बाद मिसाइल सिस्टम के जरिए उसे निशाना बनाया गया। ईरान का आरोप है कि ड्रोन दुश्मनी भरे मिशन के तहत उसकी सीमा में दाखिल हुआ था।इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि उन्हें ईरान के साथ किसी समझौते की जल्दबाजी नहीं है। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपनी शर्तों पर बेहतर समझौता चाहता है और यदि ऐसा नहीं हुआ तो सैन्य विकल्प भी खुला है। ट्रम्प ने यह भी दावा किया कि ईरान परमाणु हथियार न बनाने और न खरीदने पर सहमत हो गया है।वहीं व्हाइट हाउस में हुई उच्चस्तरीय बैठक के बाद भी अमेरिका ने ईरान को लेकर कोई अंतिम फैसला नहीं लिया है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी ईरान को समझौता स्वीकार करने या बल प्रयोग का सामना करने की चेतावनी दी है।दूसरी ओर, क्षेत्रीय तनाव लगातार बढ़ रहा है। दक्षिणी लेबनान में इजराइली सैन्य अभियान तेज हो गया है। इजराइली सेना ने रणनीतिक महत्व वाले ब्यूफोर्ट किले पर कब्जे का दावा किया है। संयुक्त राष्ट्र और WHO ने लेबनान में बढ़ते हमलों के कारण बच्चों और स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर असर पड़ने की चेतावनी दी है। साथ ही होर्मुज जलडमरूमध्य में संदिग्ध समुद्री बारूदी सुरंग दिखने के बाद समुद्री सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ गई है।