news-details

बीजेपी में बगावत की चिंगारी!

You can share this post!


75 पार्षदों की चेतावनी से संगठन में मचा हड़कंप

पारदर्शी विकास न्यूज़ कानपुर। नगर निगम सदन में बीजेपी के बागी पार्षदों को लेकर सियासत तेज हो गई है। बुधवार को बीजेपी पार्षद दल के नेता और वार्ड-93 गोविंदनगर के पार्षद नवीन पंडित ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पार्टी संगठन से 6 बागी पार्षदों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ पार्षद लगातार पार्टी और संगठन की छवि को नुकसान पहुंचाने का काम कर रहे हैं।नवीन पंडित ने दावा किया कि 75 बीजेपी पार्षदों का समर्थन उनके साथ है। उन्होंने कहा कि संगठन को लिखित शिकायत देकर मांग की गई है कि अगर बागी पार्षदों पर कार्रवाई नहीं होती है तो समर्थन देने वाले 75 पार्षद इस्तीफा देने को मजबूर होंगे।उन्होंने कहा कि सदन की चार कार्यवाहियों से निष्कासित बीजेपी पार्षद पवन गुप्ता और अंकित मौर्य समेत अन्य पार्षद लगातार सदन में हंगामा करते रहे। नवीन पंडित ने आरोप लगाया कि कभी खाली बाल्टी लेकर तो कभी फटे कपड़े पहनकर प्रदर्शन किया गया, जिससे पार्टी की छवि प्रभावित हुई।बीजेपी पार्षद दल के नेता ने कहा कि पार्षदों के कार्यकाल को तीन साल पूरे हो चुके हैं और सभी वार्डों में बराबर विकास कार्य कराए गए हैं। किसी भी पार्षद के साथ भेदभाव नहीं हुआ है। इसके बावजूद कुछ पार्षद लगातार विकास कार्यों को लेकर गलत आरोप लगा रहे हैं।नवीन पंडित ने महापौर प्रमिला पांडेय का बचाव करते हुए कहा कि वह दलगत राजनीति से ऊपर उठकर शहर के विकास के लिए काम कर रही हैं। महापौर पर लगाए गए आरोपों को विरोधी साबित नहीं कर सके हैं।उन्होंने कहा कि अगर किसी पार्षद को समस्या थी तो उसे संगठन के पदाधिकारियों के सामने रखना चाहिए था, लेकिन कुछ लोग सीधे बड़े नेताओं और मुख्यमंत्री को ज्ञापन देने पहुंच रहे हैं। इससे संगठन की छवि को नुकसान पहुंच रहा है।बागी पार्षदों में पवन गुप्ता, अंकित मौर्य के अलावा विकास जायसवाल, लक्ष्मी कोरी, हरिस्वरूप तिवारी और आलोक पांडेय के नाम शामिल हैं। नवीन पंडित ने कहा कि पार्टी से मांग है कि इन सभी के खिलाफ कार्रवाई की जाए, अन्यथा 75 पार्षद अपने पद से इस्तीफा देने पर विचार करेंगे।

बीजेपी की छवि को नुकसान पहुंचाने वाले बागी पार्षदों के खिलाफ संगठन कार्रवाई करे। हमने 75 पार्षदों का समर्थन लेकर पार्टी पदाधिकारियों को लिखित शिकायत दी है। अगर इन पार्षदों पर कार्रवाई नहीं हुई तो 75 पार्षद इस्तीफा देने को मजबूर होंगे। पार्टी के लिए हमेशा काम किया है और आगे भी करते रहेंगे।"-नवीन पंडित