
PARDARSHI VIKASH NEWS लखनऊ अग्निकांड के बाद मथुरा प्रशासन द्वारा वृंदावन में गेस्ट हाउसों पर की जा रही कार्रवाई का विरोध तेज हो गया है। प्रशासन ने नियमों के उल्लंघन का हवाला देते हुए बिना पूर्व नोटिस 50 से अधिक गेस्ट हाउस सील कर दिए, जिससे होटल और गेस्ट हाउस संचालकों में नाराजगी है। उनका कहना है कि इस कार्रवाई से उनकी आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है।इसी मुद्दे पर चैतन्य बिहार स्थित एक होटल में गेस्ट हाउस संचालकों की बैठक हुई, जिसमें करीब 200 से 250 संचालकों ने हिस्सा लिया। बैठक की अध्यक्षता नगर उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के नगर अध्यक्ष आलोक बंसल ने की। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई पर पुनर्विचार की मांग की जाएगी। साथ ही चेतावनी दी गई कि मांगें नहीं मानी गईं तो धरना-प्रदर्शन और आवश्यकता पड़ने पर अनिश्चितकालीन वृंदावन बंद का आह्वान किया जाएगा।संचालकों का आरोप है कि भवन निर्माण के समय विकास प्राधिकरण ने कोई आपत्ति नहीं जताई थी। अब वर्षों बाद बिना नोटिस गेस्ट हाउस सील किए जा रहे हैं, जबकि अधिकांश लोगों ने अपनी जीवनभर की जमा पूंजी इस व्यवसाय में लगाई है। बैठक में व्यापार मंडल के पदाधिकारियों समेत बड़ी संख्या में होटल और गेस्ट हाउस संचालक मौजूद रहे।