
पारदर्शी विकास न्यूज़ लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने युवाओं के आंदोलन और कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। सोशल मीडिया पर जारी बयान में उन्होंने कहा कि युवाओं और बेरोजगारों के ज्वलंत मुद्दों पर शुरू होने वाले आंदोलनों को विभिन्न राजनीतिक दल अपने फायदे के लिए हाइजैक कर लेते हैं। जंतर-मंतर के आंदोलन का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि ऐसे प्रदर्शन अब स्वतंत्र कम और राजनीतिक ज्यादा दिखाई दे रहे हैं।मायावती ने कहा कि बसपा युवाओं की जायज मांगों के प्रति हमेशा सहानुभूति रखती है। उन्होंने पार्टी की सभी राज्य इकाइयों को स्थानीय अधिकारियों से मिलकर युवाओं की समस्याओं का शांतिपूर्ण समाधान निकालने के निर्देश दिए हैं। साथ ही कार्यकर्ताओं से धरना-प्रदर्शन में ऊर्जा लगाने के बजाय आगामी चुनावों की तैयारियों पर ध्यान केंद्रित करने को कहा।उन्होंने कहा कि ‘सर्वजन हिताय व सर्वजन सुखाय’ की सरकार बनाकर ही युवाओं की समस्याओं का स्थायी समाधान संभव है। कानून-व्यवस्था पर मायावती ने कहा कि जंतर-मंतर आंदोलन के दौरान पुलिस समय पर उचित कार्रवाई करती तो श्री संजय आजाद जैसी गंभीर घटना रोकी जा सकती थी। उन्होंने मामले के अभियुक्तों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की और ऐसा न होने पर बसपा द्वारा कड़ा रुख अपनाने की चेतावनी दी।