
पारदर्शी विकास न्यूज़ बांदा। गुरूवार को कलेक्ट्रेट परिसर कार्यालय बांदा पहुंचे ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को लिखित शिकायत पत्र दिया। बता दे कि पिपरहरी गांव के सीमांत किसानों ने विद्युत विभाग और ठेकेदार द्वारा उनके खेतों से जबरन हाईटेंशन लाइन और बड़े-बड़े टावर लगाए जाने का तीखा विरोध किया है। प्रभावित किसानों ने आज कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिला अधिकारी को ज्ञापन सौंपा और लाइन व टावरों को अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग की। ज्ञापन में प्रधान शिकायतकर्ता ने बताया कि वे पिपरहरी गांव (तहसील-पैलानी, जनपद-बाँदा) के एकमात्र सीमांत किसान हैं, जिनकी आजीविका ेवसमसल खेती पर निर्भर है। उन्होंने आरोप लगाया कि विद्युत विभाग ने उनकी स्वीकृति के बिना खेतों के बीच से हाईटेंशन लाइन निकालने का काम शुरू कर दिया है। एक ही परिवार के कई खेतों से लाइन निकाली जा रही है, जिससे खेती पूरी तरह प्रभावित हो जाएगी। किसानों का कहना है कि लाइन डालने के बाद न तो भविष्य में कोई निर्माण कार्य किया जा सकेगा और न ही फसल की सुरक्षा बनी रहेगी। साथ ही खेतों के छोटे-छोटे टुकड़ों में लाइन फंसाने की धमकी भी दी जा रही है। इससे किसान परिवार मानसिक रूप से परेशान हैं और उनकी जीविका पर संकट मंडरा रहा है। ज्ञापन में कहा गया है कृ “प्रार्थीगण मौजा पिपरहरी के लघु/सीमांत किसान हैं। विद्युत विभाग द्वारा बिना स्वीकृति के जबरिया लाइन निकाली जा रही है, जिससे कृषि कार्य पूर्ण रूप से प्रभावित होगा और फसल हानि की प्रबल संभावना बनी रहेगी।” किसानों ने जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की अपील करते हुए मांग की है कि टावरों और हाईटेंशन लाइन को अन्यत्र उपयुक्त स्थान पर स्थानांतरित किया जाए, ताकि उनकी एकमात्र आजीविका साधन की रक्षा हो सके। ज्ञापन पर पिपरहरी गांव के कई किसानों के हस्ताक्षर हैं, जिनमें देवेश सिंह, राकेश सिंह, अमित, 2014 गिरधर, राजेश आदि शामिल हैं।हाईटेंशन लाइन और टावरों को खेतों से हटाकर वैकल्पिक स्थान पर लगाया जाए।किसानों की सहमति के बिना कार्य न किया जाए।खेती-किसानी को होने वाले नुकसान की रोकथाम की जाए। यह मामला जिला प्रशासन और विद्युत विभाग के लिए बड़ी चुनौती बनता दिख रहा है, क्योंकि ऐसे कई मामले पहले भी सामने आ चुके हैं जहां बिना उचित मुआवजे और सहमति के हाईटेंशन लाइनें खेतों से गुजारी जा रही हैं। जिला प्रशासन ने ज्ञापन प्राप्त कर लिया है और शीघ्र जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।