
PARDARSHI VIKASH NEWS श्रीनगर। पवित्र अमरनाथ यात्रा शुक्रवार से शुरू हो गई। जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप से रवाना हुआ 4,822 श्रद्धालुओं का पहला जत्था कश्मीर पहुंच गया। यह यात्रा 28 अगस्त तक कुल 57 दिनों तक चलेगी। इस दौरान 4 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के प्राकृतिक हिम शिवलिंग के दर्शन करने की संभावना है।गुरुवार को जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। श्रद्धालुओं को 259 वाहनों के सुरक्षा काफिले के साथ बालटाल और पहलगाम मार्गों के लिए भेजा गया। पहले जत्थे में 3,707 पुरुष, 816 महिलाएं, 16 बच्चे, 246 साधु और 37 साध्वियां शामिल हैं।लगातार बारिश और खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं को दर्शन के बाद जल्द सुरक्षित स्थान पर लौटने की सलाह दी है। यात्रा मार्ग पर हर दो किलोमीटर पर ऑक्सीजन बूथ बनाए गए हैं। दोमेल मार्ग पर बड़ी स्क्रीन के जरिए मौसम की जानकारी दी जा रही है, जबकि बालटाल मार्ग पर 12 वाटरप्रूफ डोम तैयार किए गए हैं।शुक्रवार सुबह 3,865 श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था भी जम्मू से रवाना हुआ। इनमें 1,735 यात्री बालटाल और 2,130 श्रद्धालु पारंपरिक पहलगाम मार्ग से अमरनाथ गुफा की ओर गए।श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए दोनों यात्रा मार्गों पर एक हजार डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी तैनात किए गए हैं। बालटाल और पहलगाम मार्ग पर 100-100 बेड के आधुनिक अस्थायी अस्पताल, मेडिकल एड सेंटर और ऑक्सीजन सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। दोनों बेस कैंपों पर बीएसएनएल, जियो और एयरटेल के पोस्टपेड सिम काउंटर भी लगाए गए हैं, क्योंकि यात्रा क्षेत्र में केवल पोस्टपेड मोबाइल सिम ही काम करते हैं।इस वर्ष अब तक 3.90 लाख से अधिक श्रद्धालु यात्रा के लिए पंजीकरण करा चुके हैं। जिन यात्रियों ने पहले से रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है, उनके लिए जम्मू में ऑन-द-स्पॉट रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था भी शुरू कर दी गई है। मौसम विभाग ने 6 जुलाई तक दोनों मार्गों पर भारी बारिश की संभावना जताई है, इसलिए प्रशासन ने यात्रियों से मौसम संबंधी निर्देशों का पालन करने और आवश्यक दस्तावेज, गर्म कपड़े, रेनकोट, दवाइयां तथा पहचान पत्र साथ रखने की अपील की है।