
PARDARSHI VIKAS NEWS लखनऊ। ‘मादक पदार्थों के दुरुपयोग एवं अवैध व्यापार विरोधी अंतर्राष्ट्रीय दिवस’ के अवसर पर शुक्रवार को मद्य निषेध विभाग उत्तर प्रदेश की ओर से चौधरी चरण सिंह सभागार, सहकारिता भवन लखनऊ में राज्य स्तरीय मद्य निषेध कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ आबकारी एवं मद्य निषेध राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नितिन अग्रवाल ने किया। इस दौरान नशा मुक्ति प्रदर्शनी, संगोष्ठी और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।कार्यक्रम में आबकारी मंत्री ने उपस्थित लोगों को नशे से दूर रहने और समाज को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि नशे की लत आज पूरी दुनिया के लिए चुनौती बन चुकी है और यह समाज के लिए अभिशाप है। युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति चिंता का विषय है।नितिन अग्रवाल ने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने में युवाओं की अहम भूमिका है। देश की सबसे बड़ी युवा आबादी को नशे से बचाकर उनकी ऊर्जा को राष्ट्र निर्माण में लगाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार लगातार नशा मुक्त अभियान चला रही हैं, लेकिन इसमें सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों की भागीदारी भी आवश्यक है।प्रमुख सचिव समाज कल्याण अनुराग यादव ने कहा कि नशा मुक्त भारत अभियान को सफल बनाने के लिए हर व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। उन्होंने कहा कि केवल सरकारी प्रयासों से यह अभियान सफल नहीं हो सकता।कार्यक्रम में मानसिक रोग विशेषज्ञ डॉ. पीके श्रीवास्तव ने नशे के सामाजिक और मानसिक कारणों पर जानकारी दी और इससे बचाव के उपाय बताए। इस अवसर पर मद्य निषेध विभाग की ओर से आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेता प्रतिभागियों को मंत्री ने प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार देकर सम्मानित किया।कार्यक्रम में राज्य मद्य निषेध अधिकारी आरएल राजवंशी सहित विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।