
आप नेतृत्व को ही लपेट लिया, बताये राज्यसभा सीट कितने में बेची
PARDARSHI VIKASH NEWS नयी दिल्ली। पिछले महीने आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए राज्यसभा सांसद और पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह ने उन लोगों को आड़े हाथों लिया है, जो उन्हें गद्दार कह रहे हैं। एक सोशल मीडिया पोस्ट कर पूर्व क्रिकेटर ने इशारों ही इशारों में आम आदमी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व पर पंजाब को लूटकर खाने का आरोप लगाया है और पलटकर पूछा है कि पंजाब में राज्यसभा की सीट कितने में बेची थी? हरभजन ने कहा है कि समय आने पर वह हर बात का जवाब देंगे। उन्होंने आरोप लगाया है कि पंजाब की राज्यसभा सीटों से लेकर मंत्री तक के पद को आप नेतृत्व ने बेचा है।
हरभजन सिंह ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “समय आने पर आपकी हर बात का जवाब दिया जाएगा। और मैंने आपके किसी लीडर को गाली नहीं दी। अपनी जुबान क्यों गंदी करूँ मैं। और मुझे ग़द्दार कहने वालों पहले अपने लोगों से पूछो पंजाब की राज्यसभा सीट कितने में बेची थी। अगर ना बताए तो मैं आपको बताऊंगा कि किसको कितना चढ़ावा गया था और किसकी तरफ से। और कैसे किसको मंत्री संतरी बनाया गया, पंजाब को लूटने के लिए और लाला को माल पहुँचाने के लिए। पंजाब को लूट खा गए।”उनका यह पोस्ट एक यूजर के उस ट्वीट के जवाब में आया है, जिसमें देवेंदर यादव नामक एक शख्स ने उन पर गद्दारी करने के आरोप लगाए थे। यादव ने हरभजन सिंह से पूछा था कि ऐसी कौन सी मजबूरी थी कि पंजाब के 800+ किसान भाइयों की मौत की जिम्मेदार भाजपा में वो चले गए? यादव ने यह भी पूछा था कि भाजपा में जाने के लिए अपने जमीर की कीमत कितनी लगाई आपने? यह भी पूछा था कि जिस आप ने राज्यसभा की सीट दी, उसके नेता को दिन रात भला-बुरा क्यों कहते हो और उसकी दी गई राज्यसभा सीट से इस्तीफा क्यों नहीं दिया ?बता दें कि पूर्व क्रिकेटर सिंह ने राघव चड्ढा समेत आप के छह राज्यसभा सदस्यों के साथ 24 अप्रैल को भाजपा का दामन थाम लिया था। तब आप के कार्यकर्ताओं ने पार्टी छोड़ने वाले हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता और अशोक मित्तल के घरों के बाहर प्रदर्शन किया था और जालंधर तथा लुधियाना में उनके घरों की दीवारों पर स्प्रे पेंट से 'गद्दार' लिख दिया था। इतना ही नहीं इसके बाद पंजाब सरकार ने उनका सुरक्षा घेरा वापस ले लिया था। हालांकि, पंजाब पुलिस की सुरक्षा वापस लिए जाने के बाद केंद्र सरकार ने जालंधर में सिंह के आवास के बाहर केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की तैनाती कर दी।क्रिकेटर से नेता बने हरभजन सिंह का राजनीतिक करियर मार्च 2022 में शुरू हुआ था, जब उन्होंने आम आदमी पार्टी जॉइन की। उसी समय आम आदमी पार्टी ने उन्हें पंजाब से राज्यसभा के लिए नामित किया और वे निर्विरोध निर्वाचित हुए। हरभजन सिंह ने 18 जुलाई 2022 को राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ ली थी। हालांकि चार साल बाद ही उन्होंने आप छोड़ दिया और बाजपा का दामन थाम लिया।