
PARDARSHI VIKASH NEWS आगरा में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने अयोध्या राम मंदिर ट्रस्ट में चढ़ावे को लेकर सामने आए विवाद पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि “जब चोर को रक्षक बना दिया जाएगा तो ऐसा ही होगा।” उनके अनुसार राम मंदिर की व्यवस्था धर्माचार्यों के हाथ में होनी चाहिए थी, न कि किसी संगठन या राजनीतिक कार्यकर्ताओं के ट्रस्ट के जरिए।शंकराचार्य ने आरोप लगाया कि पहले जमीनों से जुड़े मामलों में गड़बड़ी की बातें सामने आईं और अब दानपात्र से धन निकालने के आरोप लग रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि मंदिर व्यवस्था में पारदर्शिता की कमी दिखाई दे रही है।उन्होंने डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वे संतों के अपमान जैसे मुद्दों पर चुप रहते हैं और केवल राजनीतिक बयानबाजी करते हैं।अपने संबोधन में उन्होंने यह भी कहा कि अगर किसी को सैफई से समस्या है तो उसे अलग करने जैसी बातें नहीं होनी चाहिए, बल्कि सभी को मिलकर समाज में समरसता रखनी चाहिए।कार्यक्रम में एक खास दृश्य तब देखने को मिला जब मुस्लिम समाज के कुछ लोग भी गाय को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग वाले पोस्टर लेकर पहुंचे। इस पर शंकराचार्य ने उनका स्वागत करते हुए कहा कि गाय का सम्मान उनके धर्म में अलग रूप से नहीं कहा गया है, लेकिन भारतीय संस्कृति में यह आस्था का विषय है।उन्होंने यह भी दोहराया कि उनका अभियान गो-संरक्षण और जनजागरण के लिए है और इसमें किसी प्रकार की राजनीतिक मंशा नहीं है।