
कुशीनगर। पारदर्शी विकास ब्यूरो। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वावधान में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लाभार्थियों तथा सैम/मैम श्रेणी से स्वस्थ होकर सामान्य श्रेणी में पहुंचे बच्चों के सम्मान में समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कुशीनगर लोकसभा क्षेत्र के सांसद विजय कुमार दूबे रहे।समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में तमकुहीराज विधायक असीम कुमार राय, सदर पडरौना विधायक मनीष जायसवाल, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि प्रदीप जायसवाल और पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य फूलबदन कुशवाहा मौजूद रहे। जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर, मुख्य विकास अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी और करीब 100 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां एवं सहायिकाएं उपस्थित रहीं।कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इसके बाद अयोध्या में आयोजित राज्य स्तरीय सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री के संबोधन का सजीव प्रसारण किया गया। सभागार में मौजूद जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, लाभार्थियों और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने मुख्यमंत्री का संबोधन देखा और सुना।मुख्यमंत्री के संबोधन के बाद जिला स्तरीय समारोह में मुख्य अतिथि सांसद विजय कुमार दूबे और अन्य जनप्रतिनिधियों ने बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग के 15 लाभार्थियों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया। इनमें उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां, सैम/मैम श्रेणी से स्वस्थ होकर सामान्य श्रेणी में पहुंचे बच्चे तथा प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लाभार्थी शामिल रहे। महिला एवं बाल विकास विभाग से संबंधित 12 लाभार्थियों को भी प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।समारोह को संबोधित करते हुए सांसद एवं जनप्रतिनिधियों ने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को गांव-गांव और पात्र परिवारों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण कड़ी हैं। उन्होंने कार्यकत्रियों से पूरी संवेदनशीलता, समर्पण और मनोयोग के साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का आह्वान किया।जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं के मानदेय में की गई वृद्धि पर प्रसन्नता जताई। उन्होंने कहा कि इससे ग्राम स्तर पर कार्य कर रहीं महिला शक्ति का मनोबल बढ़ेगा और वे मातृ-शिशु स्वास्थ्य, पोषण तथा महिला एवं बाल कल्याण से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में और अधिक ऊर्जा के साथ योगदान देंगी।उन्होंने कहा कि कुपोषण उन्मूलन, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं की देखभाल, बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य तथा बाल विकास से जुड़ी योजनाओं को धरातल पर उतारने में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।कार्यक्रम के अंत में जिला कार्यक्रम अधिकारी ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। इसके बाद समारोह का समापन हुआ।सभी तहसीलों में भी हुए सम्मान समारोह: जनपद के सभी तहसील मुख्यालयों पर भी सम्मान समारोह आयोजित किए गए। शासन स्तर से नामित जनप्रतिनिधियों ने मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। विभिन्न तहसीलों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों, स्वस्थ होकर सामान्य श्रेणी में पहुंचे बच्चों और प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लाभार्थियों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।