
पारदर्शी विकास न्यूज़ रायबरेली। ग्राम ईटौढी टेरा बरौला हरचंद में महाराजा निषादराज जयंती का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि कैलाश नाथ निषाद (प्रदेश अध्यक्ष, राष्ट्रीय निषाद संघ), विशिष्ट अतिथि राकेश प्रताप सिंह (पूर्व विधायक) तथा कार्यक्रम की अध्यक्षता सोहनलाल निषाद (जिला अध्यक्ष, राष्ट्रीय निषाद संघ) ने की। मुख्य अतिथि कैलाश नाथ निषाद ने कहा कि श्रृंगवेरपुर के नरेश और भगवान श्रीराम के परम सखा निषादराज गुह त्याग और समर्पण के प्रतीक हैं। उनकी जयंती पर उमड़ा जनसैलाब निषाद समाज की एकता, जागरूकता और अधिकारों के प्रति बढ़ते संकल्प का प्रमाण है। उन्होंने शिक्षा पर जोर देते हुए कहा कि समाज के विकास के लिए शिक्षित बनना जरूरी है। “शिक्षित बनो, संगठित हो, संघर्ष करो” ही समाज का मूल मंत्र होना चाहिए।
कार्यक्रम में युवा, बुजुर्ग, महिलाएं और कार्यकर्ताओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि निषाद समाज अब अपने अधिकारों और सम्मान के प्रति पूरी तरह जागरूक हो चुका है। यह जयंती समारोह सामाजिक चेतना और अधिकारों की लड़ाई का सशक्त मंच बनकर उभरा। राकेश प्रताप सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय निषाद संघ के समर्पित कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की मेहनत से कार्यक्रम सफल हुआ। उन्होंने कहा कि जब समाज एकजुट होता है, तो उसकी आवाज सत्ता तक मजबूती से पहुंचती है।
भगवानदीन ने कहा कि अब समय है संगठन को और मजबूत करने, अधिकारों के लिए संघर्ष तेज करने और समाज के हर व्यक्ति तक जागरूकता पहुंचाने का। यही निषादराज के आदर्शों को सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सोहनलाल निषाद ने सभी कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों और मीडिया बंधुओं का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर रामनरेश गौड़, रामराज निषाद, शिवशंकर निषाद, रामकुमार निषाद, अवधेश निषाद सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।