
PARDARSHI VIKASH NEWS मथुरा कोषागार में 1.62 करोड़ रुपये के पेंशन घोटाले के आरोपी सहायक लेखाकार अभिषेक श्रीवास्तव ने सदर बाजार थाने में आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।जानकारी के अनुसार, आरोपी वर्ष 2020 से छह मृत पेंशनभोगियों के नाम पर फर्जी जीवित प्रमाण पत्र तैयार कर पेंशन की रकम अपने बैंक खाते में ट्रांसफर करता था। यह अनियमितता महालेखाकार (एजी) पेंशन प्रयागराज की जांच में सामने आई, जिसके बाद अपर निदेशक पेंशन, आगरा की रिपोर्ट में करीब 1.62 करोड़ रुपये के गबन की पुष्टि हुई।मामले का खुलासा होने के बाद आरोपी 24 जनवरी से फरार चल रहा था। पुलिस ने उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तलाश शुरू की थी। गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका भी दायर की, जहां उसे अस्थायी राहत मिली थी। राहत अवधि समाप्त होने से पहले वह थाने पहुंचा और आत्मसमर्पण कर दिया।इस मामले में जांच प्रक्रिया की धीमी रफ्तार पर भी सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि चार महीने से अधिक समय बीतने के बावजूद अभी तक चार्जशीट दाखिल नहीं की गई है। हालांकि कोषागार विभाग ने जांच में पूरा सहयोग किया है और दस्तावेज भी उपलब्ध कराए हैं।पुलिस के अनुसार अब तक करीब 22 लाख रुपये की रिकवरी आरोपी के रिश्तेदारों के खातों से की जा चुकी है और शेष धन की वसूली की कार्रवाई जारी है।