
पारदर्शी विकास न्यूज़ कानपुर। बारिश के बाद शहर की सड़कों की हालत बदतर हो गई है। कई प्रमुख मार्गों पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं और सड़क की परत उखड़ने से गिट्टी-बजरी फैल गई है। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरोजनी नगर की कबाड़ी मार्केट में सड़क के गड्ढों से बचाने के लिए दुकानदारों को पुराने ट्रक के टायर डालने पड़े हैं।संतनगर चौराहे से मरियमपुर की ओर जाने वाली कबाड़ी मार्केट की सड़क पर करीब दो फीट गहरे गड्ढे हो गए हैं। बारिश के दौरान इनमें पानी भर जाने से राहगीरों को गड्ढों की गहराई का पता नहीं चलता। हादसों की आशंका को देखते हुए दुकानदारों ने खुद ही गड्ढों में पुराने टायर डाल दिए हैं। उत्तर प्रदेश युवा व्यापार मंडल के प्रदेश प्रभारी कपिल सब्बरवाल के मुताबिक, कई बार शिकायत के बावजूद सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई।मोतीझील से नरेंद्र मोहन सेतु, जीटी रोड, कालपी रोड, आरटीओ रोड और हैलट अस्पताल के आसपास भी सड़कें जर्जर हैं। जगह-जगह गड्ढे और बिखरी बजरी दोपहिया वाहन चालकों के लिए खतरा बनी हुई है। हैलट अस्पताल जाने वाले मरीजों और एंबुलेंस को भी परेशानी हो रही है। गड्ढों में वाहन उछलने से मरीजों की तकलीफ बढ़ रही है।नगर निगम ने सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए 31.85 करोड़ रुपये खर्च कर पैचवर्क कराया था, लेकिन बारिश के बाद कई मार्गों पर फिर गड्ढे हो गए। सड़कें उखड़ने से लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। बारिश रुकने के बाद कुछ प्रमुख मार्गों पर दोबारा पैचवर्क कराया जा रहा है। स्थानीय लोगों ने जर्जर सड़कों की जल्द मरम्मत कराने की मांग की है।