
पारदर्शी विकास न्यूज़ अयोध्या। राष्ट्रीय निषाद संघ (NAF) उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष कैलाश नाथ निषाद ने अयोध्या की हालिया घटना को लेकर कड़ा विरोध जताया है। उन्होंने निषाद समाज के प्रवक्ता कुंवर निषाद के प्रति कथित तौर पर अभद्र भाषा के प्रयोग पर नाराजगी व्यक्त करते हुए मामले में कार्रवाई की मांग की।कैलाश नाथ निषाद ने कहा कि अयोध्या भगवान श्रीराम के प्रिय सखा निषादराज से जुड़ी पवित्र भूमि है। ऐसे स्थान पर निषाद समाज के किसी प्रवक्ता के प्रति सार्वजनिक रूप से अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इस तरह की भाषा से केवल एक व्यक्ति ही नहीं, बल्कि समाज की माताओं, बहनों और बेटियों की भावनाएं भी आहत होती हैं।उन्होंने कहा कि निषाद समाज की पारंपरिक खान-पान संस्कृति में मछली-भात का विशेष महत्व है। किसी समुदाय की परंपरा और खान-पान को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी करना सामाजिक सौहार्द के लिए उचित नहीं है। उन्होंने धार्मिक स्थलों से जुड़े कथित अनियमितताओं और अन्य मुद्दों पर भी समान रूप से आवाज उठाने की बात कही।कैलाश नाथ निषाद ने सरकार और प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि सार्वजनिक मंच पर महिलाओं और किसी समुदाय के प्रति अपमानजनक भाषा का प्रयोग हुआ है तो कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।उन्होंने राजू दास के खिलाफ नियमानुसार रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई करने और निषाद समाज से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा कि निषाद समाज शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखता है, लेकिन समाज के सम्मान और महिलाओं की गरिमा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।