
पारदर्शी विकास न्यूज़ कानपुर। कानपुर में लगातार 44 घंटे से हो रही बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। शनिवार सुबह तेज बारिश और हवा के चलते घाटमपुर के अलग-अलग गांवों में 10 से अधिक कच्चे मकान ढह गए। वहीं, चौबेपुर के दिलीपनगर में भी एक कच्चा मकान भरभराकर गिर गया। हादसों के दौरान परिवारों ने समय रहते बाहर निकलकर जान बचाई।बिठूर के लवकुश नगर में शुक्रवार रात एक जर्जर मकान की छत गिर गई। हादसे से पहले परिवार के बाहर निकल आने से सभी सुरक्षित बच गए, लेकिन गृहस्थी का सामान मलबे में दब गया। बिल्हौर के दिलीपनगर और गबड़ाहा गांव में भी दो कच्ची कोठरियां ढह गईं।लगातार बारिश से शहर के करीब 20 इलाकों में जलभराव हो गया। सर्वोदय नगर आरटीओ कार्यालय रोड पर डेढ़ फीट तक पानी भर गया, जबकि रावतपुर क्रॉसिंग, गीता नगर और शिवराजपुर की सड़कें भी जलमग्न हो गईं। शिवराजपुर के वार्ड-दो में दो से तीन फीट तक पानी भरने से गलियां तालाब बन गईं।वार्ड नंबर-1 के लक्ष्मीपुरवा स्थित झाड़ूवाली गली में सौ से अधिक घरों में पानी घुस गया। लोग टुल्लू मोटर और बाल्टियों से घरों का पानी निकालने में जुटे रहे। कई घरों के कमरों और रसोई में गंदा पानी भरने से खाना बनाना भी मुश्किल हो गया।चकेरी स्थित कांशीराम अस्पताल परिसर में करीब तीन फीट तक पानी भर गया। इससे मरीजों और तीमारदारों को आने-जाने में परेशानी हुई। घाटमपुर के इटर्रा गांव में बंबे की पटरी कटने से पानी गांव की ओर बढ़ने लगा। ग्रामीणों ने बोरी और मिट्टी डालकर बहाव रोकने का प्रयास किया।बारिश के चलते जिलाधिकारी ने कक्षा 12 तक के स्कूल बंद करने के निर्देश दिए हैं। छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय की सभी मिड-सेमेस्टर परीक्षाएं भी निरस्त कर दी गईं। कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने विद्यार्थियों से विश्वविद्यालय नहीं आने की अपील की।मौसम विभाग के अनुसार सितंबर में बारिश ने 45 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। वर्ष 1981 के बाद पहली बार इस महीने इतनी अधिक बारिश दर्ज की जा रही है। पिछले 24 घंटे में करीब 40 मिमी बारिश हुई, जबकि एक जून से अब तक कुल 937.8 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई है, जो सामान्य से 53 प्रतिशत अधिक है।मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन सुनील पांडेय के मुताबिक, मानसून पूरी तरह सक्रिय है। इसके प्रभाव से तेज बारिश और आंधी-तूफान की स्थिति बनी हुई है। रविवार तक मौसम ऐसा ही रहने का अनुमान है। लगातार बारिश से तापमान में गिरावट आई है और लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली है।