
पारदर्शी विकास न्यूज़ उन्नाव। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के तहत कार्यरत संविदा कर्मचारियों ने शुक्रवार को अपनी मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने नियमितीकरण, वेतन वृद्धि, स्वास्थ्य बीमा और सामाजिक सुरक्षा जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे करीब 15 वर्षों से स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। कोरोना महामारी और आपदा के समय भी उन्होंने जिम्मेदारी निभाई, लेकिन इसके बावजूद वेतन और सुविधाओं में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। कर्मचारियों के मुताबिक, उन्हें लगभग 15 से 16 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन मिलता है और स्वास्थ्य बीमा जैसी सुविधाओं का अभाव है।कर्मचारियों ने महाराष्ट्र में संविदा कर्मियों के नियमितीकरण की व्यवस्था का उदाहरण देते हुए उत्तर प्रदेश सरकार से भी उनकी मांगों पर विचार करने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारु बनाए रखने में संविदा कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है, इसलिए उनकी नौकरी की सुरक्षा और भविष्य के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।

जिला से दिल्ली तक आंदोलन की चेतावनी
कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो पहले जिला स्तर पर, फिर राजधानी में और जरूरत पड़ने पर दिल्ली में प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने शासन और स्वास्थ्य विभाग से नियमितीकरण, वेतन वृद्धि तथा जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।